Chhattisgarh News: सड़क पर उगा दी धान की फसल, 10 साल से सड़क नहीं बनने पर ग्रामीणों का अनोखा प्रदर्शन
Paddy crop grown on the road
अंबिकापुर। Paddy crop grown on the road, सरगुजा जिले के लखनपुर विकासखंड अंतर्गत पुहपुटरा पंचायत के चिलबिल पंडोपारा में सड़क की बदहाली से परेशान ग्रामीणों ने विरोध का अनोखा तरीका अपनाया है। सड़क पर पसरे कीचड़ और गड्ढों से परेशान ग्रामीणों ने उस पर ही धान की फसल रोप दी।
ग्रामीणों का कहना है कि यह सरकार और प्रशासन को जगाने का आखिरी रास्ता बचा था। ग्रामीणों ने बताया कि यह अंबिकापुर विधानसभा क्षेत्र में आता है। इसके बावजूद यहां के लोग पिछले 10 सालों से पक्की सड़क की मांग कर रहे हैं।
-1784466030938.jpeg)
सरगुजा में सड़क पर धान रोपा
हर बार चुनाव से पहले नेता आते हैं, वादे करते हैं और चुनाव बाद भूल जाते हैं। अब तक केवल झूठे आश्वासन ही मिले हैं। सड़क के नाम पर गड्ढे और कीचड़ ही ग्रामीणों की नियति बन गए हैं।
स्थिति इतनी दयनीय है कि स्कूली बच्चे कीचड़ में फिसलकर गिरते हैं। सबसे ज्यादा परेशानी बीमार और गर्भवती महिलाओं को होती है।
गांव तक एंबुलेंस नहीं पहुंच पाती। गंभीर मरीजों और प्रसव पीड़ा से तड़पती महिलाओं को ग्रामीण दो किलोमीटर तक खाट पर लादकर मुख्य मार्ग तक ले जाने को मजबूर हैं। बरसात में हालात और नारकीय हो जाते हैं। चिलबिल पंडोपारा में विशेष पिछड़ी आरक्षित पंडो जनजाति के दर्जनों परिवार निवास करते हैं।
ग्रामीण 10 साल से पक्की सड़क की मांग कर रहे
ग्रामीणों का आरोप है कि उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है। पंचायत स्तर पर भी केवल कागजी खानापूर्ति की जा रही है। न सड़क, न नाली, न पीने का साफ पानी मूलभूत सुविधाओं से गांव आज भी वंचित है।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि इस अनोखे विरोध के बाद भी प्रशासन नहीं जागा तो वे उग्र आंदोलन करेंगे। लोगों का कहना है कि सड़क पर धान रोपना मजबूरी है, शौक नहीं।
अब देखना होगा कि शासन-प्रशासन कब तक कुंभकर्णी नींद से जागता है और पंडो जनजाति के इन परिवारों को नारकीय जीवन से मुक्ति दिलाता है।